पुकारा दिल से किसी ने जहां जहां अब्बास
मदद के वास्ते पंहुचे वहां वहां अब्बास
है फ़र्क़ इतना फ़क़त कर्बला ओ ख़ैबर में
वो मारका था अली का लड़े यहाँ अब्बास
सकीना बीबी से बच्चे ये रो के कहते थे
आलम नज़र नहीं आता गए कहां अब्बास
हुसैन वालें पे इतने हैं महरबां अब्बास
जहां हुसैन कहा आ गए वहां अब्बास
आलम के साए में कहते चलो हुसैन हुसैन
खुदा के फज़्ल से हैं मीर ए कारवां अब्बास
अली के लाल का क्या कहना है बहुत मज़लूम
सलाम शियों का तुम पर गए जहां अब्बास
ज़हे नसीब तेरी मंजिलत का क्या कहना
रसूल ज़ादियां हैं तेरी नोहा ख़्वां अब्बास